Vittiya Niyojan
(0)
₹
300
₹ 240 (20% off)
Available
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
वित्तीय नियोजन (फाइनेंशियल प्लानिंग) पर बाजार में कई पुस्तकें उपलब्ध हैं, लेकिन लेखक ने इस पुस्तक के माध्यम से वित्तीय नियोजन के सिद्धांतों एवं निवेश के उत्पादों की जानकारी को उदाहरण सहित समझाया है। मुद्रास्फीति का प्रभाव, चक्रवृद्धि ब्याज की ताकत, जीवन के वित्तीय लक्ष्य, सेवानिवृति योजना, एस्टेट योजना, बैंकिंग, बीमा, म्यूचुअल फंड, सरकारी बजत योजनाएँ, शेयर बाजार, सोना एवं रियल एस्टेट जैसे विषयों को समावेश करते हुए इन क्षेत्रों के जटिल पहलुओं को सीधी-सरल भाषा में स्पष्टता से समझाने की कोशिश की है। विश्वास है कि पुस्तक वित्तीय नियोजन में रुचि रखनेवालों की जिज्ञासाओं, संशयों तथा प्रश्नों का निराकरण करेगी।
Read moreAbout the Book
वित्तीय नियोजन (फाइनेंशियल प्लानिंग) पर बाजार में कई पुस्तकें उपलब्ध हैं, लेकिन लेखक ने इस पुस्तक के माध्यम से वित्तीय नियोजन के सिद्धांतों एवं निवेश के उत्पादों की जानकारी को उदाहरण सहित समझाया है। मुद्रास्फीति का प्रभाव, चक्रवृद्धि ब्याज की ताकत, जीवन के वित्तीय लक्ष्य, सेवानिवृति योजना, एस्टेट योजना, बैंकिंग, बीमा, म्यूचुअल फंड, सरकारी बजत योजनाएँ, शेयर बाजार, सोना एवं रियल एस्टेट जैसे विषयों को समावेश करते हुए इन क्षेत्रों के जटिल पहलुओं को सीधी-सरल भाषा में स्पष्टता से समझाने की कोशिश की है। विश्वास है कि पुस्तक वित्तीय नियोजन में रुचि रखनेवालों की जिज्ञासाओं, संशयों तथा प्रश्नों का निराकरण करेगी।
Book Details
-
ISBN9789390378012
-
Pages216
-
Avg Reading Time7 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
Rukna Nahin Radhika "रुकना नहीं राधिका" Book In Hindi
- Author Name:
Ramesh Chandra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
BPSC BIHAR SHIKSHAK BAHALI CLASS 6 TO 12 PRATHMIK GANIT
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Ek Pita Ki Janmakatha
- Author Name:
Madhav Joshi
- Book Type:

- Description: "माधव जोशी कूची, ब्रश और रंगों के अनुपम शिल्पी हैं। अब तक उनकी रेखाएँ बोलती थीं। शब्दों के जरिए उनका हिंदी में यह पहला चमत्कार है। वे रेखाओं से चित्र बनाते हैं। पर यह किताब उनकी सृजन कूची का शब्दचित्र है। ‘एक पिता की जन्मकथा’ नामक यह किताब उनकी गहन संवेदनाओं का सजल विस्तार है। इस उपन्यास का विषय नया और शैली प्रयोगात्मक है। कथा पति-पत्नी के परस्पर संबंधों की नई बुनियाद तो डालती ही है, साथ ही कहानी की परंपरागत लीक को भी तोड़ती है। ‘एक पिता की जन्मकथा’ लेखक का जिया और भोगा हुआ यथार्थ है, जिसे उसने भावना के शब्द दिए हैं। गर्भ से पहले संतान के साथ एक ‘पति’ नौ महीनों में कैसे ‘पिता’ में तब्दील हो जाता है। यह कथा ऐसी ही संवेदनाओं का सजीव और भावनात्मक चित्रण है। इसे पढ़कर किसी को भी लगेगा कि यह तो मेरी कथा है, मेरा यथार्थ है। उपन्यास के किरदार पाठकों से निरंतर संवाद करते हैं और उन्हें बाँधे रखते हैं। इस उपन्यास की दूसरी भाषा इसके रेखाचित्र हैं, जो हमें उस कालावधि के दृश्य-परिदृश्य का बोध कराते हैं। कथा-साहित्य में रेखाओं का ऐसा प्रयोग कम ही देखने को मिलता है, जहाँ चित्र भी शब्द हो जाते हों। ‘एक पिता की जन्मकथा’ हिंदी कथा-साहित्य में अभिनव प्रयोग है। पति और पत्नी के बीच रिश्तों के बदलाव की यह कथा स्मृतियों का सजीव लेखा-जोखा तो है ही, एक अनमोल खजाना भी है, जिसमें आप बाप-बेटी और पति-पत्नी के आपसी रिश्तों के खूबसूरत जेवर को उसकी स्वर्णिम आभा के साथ देख सकते हैं। —हेमंत शर्मा "
Nirmal Verma Ki Lokpriya Kahaniyan
- Author Name:
Nirmal Verma
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
My Transportation for Life
- Author Name:
Vinayak Damodar Savarkar
- Book Type:

- Description: The story is told. The curtain has been brought down on it. Two life sentences have been run. And I have brought my recollections of them within the cover of this book. They are narrated in brief and put together within the narrowest. When I came into this world, God sent me here, possibly on a sort of life sentence. It was the span of life allotted to me by time to stay in this "prison-house of life". This story is a chapter of the book of life, a long story that has not yet ended. You can finish reading the book in a day, while I had to live it for 14 long years of transportation. And if the story is so tiresome, unendurable and disgusting to you, how much must have been the living of it for me! Every moment of those 14 years in that jail has been an agony of the soul and the body to me and to my fellow convicts in that jail. It was not only fatiguing, unbearable and futile to us; it was equally or more excruciating to them than to me. And it is only that you may know it and feel the fatigue, the disgust and the pain of it as we have thought it that I have chosen to write it for you. - Excerpts from this book This is the story of Swatantrayaveer Vinayak Damodar Savarkar, a great revolutionary, politician, poet and seer who tried to free India from the British yoke! British policy was to torture and persecute the political prisoners/revolutionaries so that they would reveal the names of all their colleagues or go mad or commit suicide. My Transportation for Life is a firsthand story of the sufferings and humiliation of an inmate of the infamous Cellular Jail of Andamans, the legendary Kala Paani. The physical tortures inside the high walls were made all the more insufferable by the sickening attitude of the men who mattered - the native leaders back home. This is a running commentary on the prevalent political conditions in India and a treatise for students of revolution. It is a burning story of all Tapasvis who were transported to Andaman.
Rajyoga : Swaroop evam Sadhna
- Author Name:
Yogi Adityanath
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Sansad Mein Aamjan ki Baat
- Author Name:
Hukmdev Narayan Yadav
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Jharkhand ke 50 krantikari | Coloring Book in Hindi
- Author Name:
Sanjay Krishna
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
The Naga Story Unveiling The Secrets of Naga Warriors Explore The Mysteries of Hindu Mythology Book
- Author Name:
Suman Bajpai
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Krishi Mein Mahilaon Ki Bhoomika
- Author Name:
Sangita Aggarwal
- Book Type:

- Description: कृषि में महिलाओं की भूमिका पुस्तक उन महिला किसानों की कहानी है, जिन्होंने समाज, सरकार और अपनी किस्मत को कोसने की बजाय अपनी आत्मनिर्भरता से कुछ ऐसा करने की ठानी कि वे अब एक महिला किसान के साथ-साथ आनेवाली पीढिय़ों और समाज के लिए भी प्रेरणा-स्रोत बन गई हैं। आपने एक तसवीर अनेक बार देखी होगी, जिसमें कतार में खड़ी महिलाएँ धान की रोपाई करती हैं। कीचड़ में धँसी और झुकी, ये महिलाएँ पूरे दिन काम करती हैं और हमारे लिए अनाज उपजाती हैं। ऐसे अनेक उदाहरण देखने को मिलते हैं—उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में सिर पर घड़ा रख पानी लाने मीलों दूर जाती महिलाएँ, फसल की कटाई के बाद उसे कटाई मशीन में डालती महिलाएँ; चाय के बागानों में महिला किसानों के पेट पर चुन्नी से बँधा बच्चा और चाय की पत्तियाँ तोड़ती वह महिला किसान। इस पुस्तक में महिला किसानों के साक्षात्कार के माध्यम से उनके संघर्ष और उन्हें सरकारी योजनाओं से मिले लाभों को पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया गया है।
Success ki University
- Author Name:
Og Mandino
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Nar se Narayan : आध्यात्मिक उन्नति का मार्ग Book in Hindi
- Author Name:
Sadhvi Ritambhara
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Avadh Narayan Mudgal Ki Lokpriya Kahaniyan
- Author Name:
Avadh Narayan Mudgal
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Stuti Suman
- Author Name:
Vinod Bala Arun
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Dalit Chintan
- Author Name:
Shri Ashok Pradhan
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Uttar Pradesh Police Arakshi: Armed Constabulary (P.A.C.) Bharti Pariksha
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Paise Se Paisa Kamana Sikhen
- Author Name:
Sharath Komarraju
- Book Type:

- Description: "इस दुनिया को पैसा ही चला रहा है। यह हमें खुश करता है तो कभी दुःखी भी करता है; कभी किसी के प्रति आभारी बनाता है तो कभी बदले की भावना भी भर देता है; लेकिन क्या ऐसा है कि हर चीज के लिए दोष पैसे पर ही मढ़ा जाए या पैसे के प्रति हमारी सोच ही इसके लिए जिम्मेदार है? हालाँकि आधुनिक समाज पैसे को अत्यधिक महत्त्व देता है, लेकिन हमें यह कभी नहीं बताया-सिखाया जाता कि कैसे इसे सँभालें, इसमें कैसे निवेश करें। इसे बुद्धिमत्तापूर्वक कैसे इस्तेमाल करें। यही वजह है कि यह किताब जरूरी हो जाती है। यह पैसे को नई दृष्टि से देखने में आपकी मदद करेगी। न्यूटन के भौतिकी के नियमों की तरह ही यहाँ खर्च, बचत और निवेश को नियंत्रित करनेवाले सिद्धांत भी हैं। शरद कोमारराजू ने इन सिद्धांतों को यहाँ स्पष्ट और आसान भाषा में समझाया है। आप यहाँ से जो हासिल करें, उसे रोजमर्रा के क्रिया-कलापों में आजमाएँ भी और उसके परिणामों पर गौर करें तथा उसका विश्लेषण करें। उम्मीद है कि जल्दी ही आपके पास थोड़े पैसे जुट जाएँगे और आपको लगेगा कि पैसा आपका दोस्त है, दुश्मन नहीं। "
Jeevan ko Safal Nahin, Sarthak Banayen
- Author Name:
Rajesh Maheshwari
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Tumhara Namvar
- Author Name:
Namvar Singh
- Book Type:

-
Description:
नामवर सिंह आधुनिक हिन्दी के सबसे बड़े संवादी थे। इस पुस्तक में संकलित पत्र उनके संवादी-भाव को समझने की एक नई दृष्टि देते हैं।
‘तुम्हारा नामवर’ के पहले खंड में परिजनों को लिखे पत्र हैं। मझले भाई रामजी सिंह को सम्बोधित पत्र अनेक दृष्टियों से विशिष्ट हैं। इन पत्रों में आधुनिक एवं पारम्परिक जीवन के द्वन्द्वों के दबावों की अनेक झलकें संकेत रूप में मौजूद हैं। सबसे छोटे भाई काशीनाथ सिंह को लिखे पत्र उन स्थितियों और जीवन-प्रसंगों पर रोशनी डालते हैं जिनमें नामवर सिंह का निर्माण हुआ। व्यक्तिगत पत्रों में बेटी समीक्षा को दार्जिलिंग से लिखे गए दस पत्रों का एक अलग ही महत्त्व है। अठहत्तर वर्ष की अवस्था में गहन भावनाओं से भरे हुए ये पत्र ‘चिट्ठी भी हैं और डायरी भी’। इन्हें हिन्दी की हँसमुख और दिलख़ुश गद्य परम्परा में सम्मान के साथ रखा जा सकता है।
दूसरे खंड में साहित्य-सहचरों—केदारनाथ अग्रवाल, मुक्तिबोध, राजेन्द्र यादव, विश्वनाथ त्रिपाठी, रवीन्द्र कालिया, कमला प्रसाद, नंदकिशोर नवल और महेन्द्रनाथ राय—को लिखे गए पत्र संकलित हैं। इन पत्रों में एक पाठक के रूप में नामवर जी अपने समय-साहित्य के विभिन्न मुद्दों पर न सिर्फ़ बातचीत की एक वृहद् ज़मीन तैयार करते दिखते हैं, बल्कि लेखक व सम्पादक के रूप में अपनी ज़िम्मेदारी भी निभाते नज़र आते हैं। तीसरे खंड में श्रीनारायण पांडेय के नाम लिखे गए पत्रों को व्यक्तिगत-पारिवारिक पत्रों की शृंखला में ही रखा जा सकता है। पांडेय जी 1952-1954 में काशी हिन्दू विश्वविद्यालय में नामवर जी के छात्र रहे हैं। ये पत्र काशीनाथ सिंह के नाम पत्रों की ही तरह महत्त्वपूर्ण हैं। नामवर जी के व्यक्तित्व के छिपे हुए रूपों के साथ ही उनके राजनीतिक, सामाजिक और साहित्यिक विचारों की गम्भीर झलक इन पत्रों में मौजूद है।
इस पुस्तक से बाहर भी अभी हज़ारों पत्र लोगों के निजी संग्रह में मौजूद होंगे। उन्हें भी प्राप्त होने के बाद अगले संस्करण में शामिल कर लिया जाएगा। बावजूद इसके ‘तुम्हारा नामवर’ में संकलित पत्र हिन्दी आलोचना में ‘दूसरी परम्परा की खोज’ करनेवाले नामवर सिंह के जीवन-अनुभव से निकला वह जीवन-दर्शन हैं जिनके आलोक में केवल अतीत, वर्तमान ही नहीं बल्कि भविष्य का भी बहुत कुछ पढ़ा, समझा और रचा जा सकता है।
Balvant Bhoomihar
- Author Name:
Bhuvneshwar Mishra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book