Swami Vivekananda Torchbearer of the Master-Disciple Relationship
(0)
₹
300
₹ 240 (20% off)
Available
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
Awating description for this book
Read moreAbout the Book
Awating description for this book
Book Details
-
ISBN9789352665983
-
Pages160
-
Avg Reading Time5 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
General Thimayya
- Author Name:
C.B. Khanduri
- Book Type:

- Description: महावीर चक्र से सम्मानित फील्ड मार्शल एसएचएफजे मानेकशॉ से एक बार पूछा गया कि उनकी राय में भारतीय सेना का सबसे अच्छा जनरल कौन था? उनका उत्तर था, बेशक टिमली; और उन्होंने स्पष्ट किया—जनरल थिमैया एक उत्कृष्ट रणनीतिकार और नियोजनकर्ता थे, जिनकी दृष्टि हर किसी से परे थी। उन्होंने अनेक चुनौतियों का सामना किया और उनके समाधान तथा निराकरण हेतु जो कदम उठाए, वे अतुलनीय थे। यह आश्चर्यजनक है कि कैसे थिमैया 20वीं सदी के मध्य में कोरिया, कश्मीर, एशिया में चीनी आधिपत्य और साइप्रस में हुई लड़ाइयों की कुछ प्रमुख विरासतों में एक महत्त्वपूर्ण किरदार बन गए। वह एकमात्र भारतीय थे, जिन्होंने द्वितीय विश्वयुद्ध और बाद में जापान में कब्जे वाले सैन्य बल के एक ब्रिगेड की कमान सँभाली थी। वह एकमात्र भारतीय जनरल थे, जिन्हें सिंगापुर में जापानी आत्मसमर्पण समारोह में आमंत्रित किया गया था और जिनके नाम पर साइप्रस के निकोसिया में एक बुलेवार्ड का नाम रखा गया है। वहाँ की सरकार ने उनकी स्मृति में एक विशेष डाक टिकट भी जारी किया है। पंजाब सीमा बल के कमांडर के रूप में उन्होंने विभाजन की विभीषिका को सँभाला और हजारों शरणार्थियों को बचाया। कश्मीर में ब्रिटिश नेतृत्व वाली पाकिस्तानी सेना के खिलाफ उन्होंने जो युद्ध लड़ा, उससे उनकी अप्रतिम रणनीतिक क्षमताओं और प्रतिभा का पता चलता है। कोरिया में एनएनआरसी के अध्यक्ष के रूप में उन्होंने अपनी दृढ़ता एवं निष्पक्षता का उदाहरण देते अद्वितीय कार्य किए। जनरल थिमैया की वीरता, राष्ट्रीयता, निष्ठा और जिजीविषा को दरशाती यह जीवनी इतिहासकारों, रक्षाकर्मियों और थिमैया के प्रशंसकों के लिए अत्यंत रुचिकर व प्रेरक सिद्ध होगी।
Mata Jijabai
- Author Name:
Priya Ghatwai
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Madhya Pradesh Uchch Madhyamik Shikshak Patrata Pariksha Vanijya Practice MCQs (MPTET Higher Secondary Teacher Commerce Practice Sets in Hindi)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Kiya Ankiya
- Author Name:
Purushottam Agarwal
- Book Type:

- Description: पुरुषोत्तम अग्रवाल हमारे समय की एक महत्त्वपूर्ण बौद्धिक और सर्जनात्मक उपस्थिति हैं। उनका लेखन रूप और अन्तर्वस्तु की दृष्टि से विविध और विशाल है। उनकी कई स्वतंत्र छवियाँ हैं, लेकिन कोई एक छवि नहीं है। चिन्तक, आलोचक, कवि, कथाकार, विमर्शकार, कार्यकर्ता, पत्रकार, व्यंग्यकार, प्राध्यापक, फ़िल्म-विशेषज्ञ, धर्मशास्त्री से मिलकर उनकी छवि बनती है। उनकी समग्र छवि की परख और पहचान के लिए उनके सम्पूर्ण लेखन का परिचय प्राप्त करना जितना ज़रूरी है, उतना ही कठिन भी। उनका समग्र पाठ श्रमसाध्य है, इसलिए उनकी रचनाओं का एक प्रतिनिधि चयन और प्रकाशन विलम्बित माँग थी जिसे इस संचयन के प्रकाशन से पूरा करने का प्रयास किया गया है। नवीन और प्राचीन वैश्विक वैचारिक निरूपणों और साहित्यिक सिद्धान्तों की स्पष्ट समझदारी और उनसे संवाद की प्रवृत्ति पुरुषोत्तम अग्रवाल की शक्ति है, जो उनके लेखन को निरन्तर आकर्षक और विचारोत्तेजक बनाए रखती है। इसी से उनमें बौद्धिक साहस उत्पन्न होता है, इस साहस का एक प्रमाण है अस्मितावाद की शक्ति और सीमाओं का तटस्थ व साहसपूर्ण मूल्यांकन। इसी साहस का एक और प्रमाण है—धर्म, अध्यात्म और साम्प्रदायिकता पर उनका रुख़। वे धर्म को सत्ता-तंत्र मानते हैं लेकिन आध्यात्मिकता को सहज मानवीय प्रवृत्ति के रूप में देखते हैं। कबीर, कार्ल मार्क्स, महात्मा गांधी और जवाहरलाल नेहरू के धर्म और अध्यात्म सम्बन्धी विचारों के आधार पर अपनी अवधारणा को तैयार करते हैं। उनकी दृढ़ मान्यता है कि धर्म का फलतः साम्प्रदायिकता का, उन्मूलन तभी सम्भव है जब आध्यात्मिकता को मानव सुलभ मानकर धर्म से उसे स्वायत्त किया जाए। पुरुषोत्तम अग्रवाल के लेखन का एक बड़ा हिस्सा भक्तिकाल पर है। ख़ास तौर पर कबीर पर। जाति, धर्म, औपनिवेशिक आधुनिकता, अस्मितावाद इत्यादि वैचारिक निरूपणों से आच्छादित कबीर के कवि रूप को सामने लाकर उन्होंने उनकी प्रासंगिकता को पुनः अनुभूत बनाया है। बौद्धिक बेचैनी, साहित्यिक अभिरुचि, सांस्कृतिक अन्तर्दृष्टि और आलोचकीय विवेक के साथ समकालीन जीवन के विविध पक्षों और प्रश्नों पर विचार करनेवाले बुद्धिजीवी विरल हैं। पुरुषोत्तम अग्रवाल की पत्रकारिता इस दृष्टि से आश्वस्तिदायक है। उनका कथा साहित्य विविध संकटों से आच्छन्न बौद्धिक-जीवन के संघर्ष और जिजीविषा को सामने लाता है। उनके साहित्य में फासीवाद के देशी संस्करण के दबाव में अभिव्यक्ति के संकट और कला-बुद्धि-विरोधी दमघोंटू वातावरण की भयावहता का एहसास मुक्तिबोध की याद दिलाता है।
Mera Bharat
- Author Name:
Dr. A.P.J. Abdul Kalam
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
NCERT MCQs Indian Economy Class 6 To 12 Useful Book For UPSC, State PSCs & All Competitive Exam Chapter-wise and Topic-wise Solved Paper 2025
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
A Soldier's Dilemma
- Author Name:
Brig Baqir Shameem
- Book Type:

- Description: Very few English novels are available about the North East, written especially by those who are from other regions of India. Why? Is it that this part of the country does not attract the thoughts and minds of the readers? It is indeed a sad commentary that so far not many of us have attempted to gain insight into the lives and living of our brethren who are our own countrymen. My humble effort in 'A Soldier's Dilemma' has been to narrate a story in which a lady soldier, the main protagonist is in search of her father, a scientist. Right from her childhood the girl has been empowered by her parents to meet and face challenges with aplomb and fortitude. Will she succeed now? It is a racy, suspenseful novel filled with action and intrigue. All the events take place in Nagaland with the brave men and women of this beautiful and refreshingly touching region actively participating in them. Having had the opportunity to serve in almost all remote regions in the country, my two year stint in Nagaland convinced me that they do require far more of our attention with affection.
AAO SEEKHEN GINTI KARNA
- Author Name:
Sanjay Krishna
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Pauranik Bal Kathayen
- Author Name:
Mukesh 'Nadan'
- Rating:
- Book Type:

- Description: हिंदुधर्म में वेद-पुराणों का बहुत महत्व है। इन्हीं वेद-पुराणों में ऋषियों महापुरुषों तथा देवी-देवाओं की अनेक कथाएँ पढ़ने व सुनने को मिलती है। इन्हीं से हमें अपनी संस्कृति तथा पूर्वजों के इतिहास का ज्ञान भी मिलता है। वेद-पुराणों की ऐसी ही अनेक बाल कथाओं को हमने इस पुस्तक मे संगृहीत करने का प्रसास किया है, जो हमारे मनोरंजन के साथ-साथ बुद्धि के विकास में भी सहायक होंगी।
Lokmata Ahilyabai
- Author Name:
Arvind Javlekar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Holistic Harmony : Key To A Successful Life | Quest For Ultimate Success Through Discovery, Care And Transformation of The Self
- Author Name:
Durga Sinngh Bhandari
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Option Trading Ki Gita | Hindi Edition of The Gita of Option Trading | Rajiv L.B. Roy
- Author Name:
Rajiv L.B. Roy
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Tumhara Namvar
- Author Name:
Namvar Singh
- Book Type:

-
Description:
नामवर सिंह आधुनिक हिन्दी के सबसे बड़े संवादी थे। इस पुस्तक में संकलित पत्र उनके संवादी-भाव को समझने की एक नई दृष्टि देते हैं।
‘तुम्हारा नामवर’ के पहले खंड में परिजनों को लिखे पत्र हैं। मझले भाई रामजी सिंह को सम्बोधित पत्र अनेक दृष्टियों से विशिष्ट हैं। इन पत्रों में आधुनिक एवं पारम्परिक जीवन के द्वन्द्वों के दबावों की अनेक झलकें संकेत रूप में मौजूद हैं। सबसे छोटे भाई काशीनाथ सिंह को लिखे पत्र उन स्थितियों और जीवन-प्रसंगों पर रोशनी डालते हैं जिनमें नामवर सिंह का निर्माण हुआ। व्यक्तिगत पत्रों में बेटी समीक्षा को दार्जिलिंग से लिखे गए दस पत्रों का एक अलग ही महत्त्व है। अठहत्तर वर्ष की अवस्था में गहन भावनाओं से भरे हुए ये पत्र ‘चिट्ठी भी हैं और डायरी भी’। इन्हें हिन्दी की हँसमुख और दिलख़ुश गद्य परम्परा में सम्मान के साथ रखा जा सकता है।
दूसरे खंड में साहित्य-सहचरों—केदारनाथ अग्रवाल, मुक्तिबोध, राजेन्द्र यादव, विश्वनाथ त्रिपाठी, रवीन्द्र कालिया, कमला प्रसाद, नंदकिशोर नवल और महेन्द्रनाथ राय—को लिखे गए पत्र संकलित हैं। इन पत्रों में एक पाठक के रूप में नामवर जी अपने समय-साहित्य के विभिन्न मुद्दों पर न सिर्फ़ बातचीत की एक वृहद् ज़मीन तैयार करते दिखते हैं, बल्कि लेखक व सम्पादक के रूप में अपनी ज़िम्मेदारी भी निभाते नज़र आते हैं। तीसरे खंड में श्रीनारायण पांडेय के नाम लिखे गए पत्रों को व्यक्तिगत-पारिवारिक पत्रों की शृंखला में ही रखा जा सकता है। पांडेय जी 1952-1954 में काशी हिन्दू विश्वविद्यालय में नामवर जी के छात्र रहे हैं। ये पत्र काशीनाथ सिंह के नाम पत्रों की ही तरह महत्त्वपूर्ण हैं। नामवर जी के व्यक्तित्व के छिपे हुए रूपों के साथ ही उनके राजनीतिक, सामाजिक और साहित्यिक विचारों की गम्भीर झलक इन पत्रों में मौजूद है।
इस पुस्तक से बाहर भी अभी हज़ारों पत्र लोगों के निजी संग्रह में मौजूद होंगे। उन्हें भी प्राप्त होने के बाद अगले संस्करण में शामिल कर लिया जाएगा। बावजूद इसके ‘तुम्हारा नामवर’ में संकलित पत्र हिन्दी आलोचना में ‘दूसरी परम्परा की खोज’ करनेवाले नामवर सिंह के जीवन-अनुभव से निकला वह जीवन-दर्शन हैं जिनके आलोक में केवल अतीत, वर्तमान ही नहीं बल्कि भविष्य का भी बहुत कुछ पढ़ा, समझा और रचा जा सकता है।
Yogasan Aur Shareer Vigyan
- Author Name:
Swami Akshey Atmanand
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Rashtriya Swayamsevak Sangh : Kya, Kyon, Kaise?
- Author Name:
Vijay Kumar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Gulliver's Travels
- Author Name:
Jonathan Swift
- Book Type:

- Description: Gulliver’s Travels describes the four voyages of Lemuel Gulliver, a ship's surgeon. In Lilliput, he discovers a world in miniature. Towering over the people and their city, he is able to view their society from the viewpoint of a god. However, in Brobdingnag, a land of giants, tiny Gulliver himself comes under observation, exhibited as a curiosity at markets and fairs. On Laputa, a flying island, he encounters a society of speculators and projectors who have lost all grip on everyday reality. While they plan and calculate, their country lies in ruins. Gulliver's final voyage takes him to the land of the Houyhnhnms, gentle horses whom he quickly comes to admire, in contrast to the Yahoos, filthy bestial creatures who bear a disturbing resemblance to humans.
Gehoon Aur Gulab
- Author Name:
Shriramvriksha Benipuri
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Kargil Yuddha कारगिल युद्ध | Hindi Translation of Nation First The Story Of A Kargil War Hero
- Author Name:
Shikha Akhilesh Saxena
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Devi
- Author Name:
Mrinal Pande
- Book Type:

- Description: स्त्रिय: समस्ता: सकला जगत्सु तव देवि भेदा:। सम्पूर्ण सृष्टि की महिलाएँ, हे देवि, वस्तुत: तुम्हारे ही विभिन्न स्वरूप हैं। स्त्रियों के विभिन्न स्वरूपों की डोर पकड़कर आदिशक्ति के मूल स्वरूप को समझना; और शक्ति के नाना रूपों के आईनों में आज से लेकर आर्षकालीन समाज की स्त्रियों की ढेरों लोकगाथाओं, महागाथाओं, आख्यानों को नए सिरे से पकड़कर व्याख्यायित कर पाना—यही इस विचित्र पुस्तक का मूल अभीष्ट है। यह न विशुद्ध कथापरक उपन्यास है, न कपोलकल्पित मिथकों की लीला और न ही एक वैज्ञानिक इतिहास। मानव–मन के गोपनीय और रहस्यमय अंश से लेकर महाकाव्यकारों की उदात्त कल्पना के बिन्दुओं तक सभी यहाँ हैं; कभी जुड़ते, कभी छिटकते, कभी एक साथ जुड़ते–छिटकते हुए। जीवन की ही तरह देवी की ये गाथाएँ भी कभी कालातीत गहराइयाँ मापती हैं, तो कभी समकालीन इतिहास में क़दमताल करती हैं। इन गाथाओं में वे सभी द्वैत मौजूद हैं, जिनसे एक औसत भारतीय का मन–संसार बनता है, अपने सभी उजले–स्याह राग–विराग समेत। अपने मानाभिमान, दर्प, आक्रोश, करुणा और ममत्व में यही वे बिम्ब हैं, जिनसे सृष्टि चलती है, जीवन चलता है। साहित्य उपजता है और लोकगाथाएँ रची जाती हैं।
BIHAR KA AADHUNIK ITIHAS
- Author Name:
PARDUMAN SINGH
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book