Bhakti Ke Teen Swar : Miraan, Sur, Kabir
(0)
Author:
John Stratton HawleyPublisher:
Rajkamal Prakashan SamuhLanguage:
HindiCategory:
Academics-and-references₹
299
₹ 239.2 (20% off)
Available
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
प्रो. हौली पिछले कई दशकों से भक्ति और हिन्दू परम्परा के अन्य पहलुओं पर विचारोत्तेजक काम करते रहे हैं। केनेथ ब्रायंट के साथ मिलकर उन्होंने सूरदास के पदों की प्रामाणिकता और पाठ-निर्धारण पर काम किया है। प्रस्तुत पुस्तक मूल अंग्रेज़ी में 2005 में प्रकाशित हुई थी। इस बीच नई खोजें हुई हैं, भक्ति-विमर्श में नए प्रश्न, नई शब्दावलियाँ आई हैं। प्रो. हौली ने पुस्तक की सामग्री को नई खोजों की रोशनी में अद्यतन किया है, हालाँकि ऐसा करते समय भी वे अपने मूल तर्क, आग्रहों और पद्धति को बनाए रहे हैं। सूरदास रचित पदों की संख्या ठीक-ठीक लाख नहीं तो हजारों में माननेवालों के लिए यह बहुत चौंकानेवाली बात होगी कि प्रो. हौली इनमें से केवल चार सौ तैंतीस को इस अर्थ में प्रामाणिक मानते हैं कि वे सूरदास से सम्बन्धित प्राचीनतम पांडुलिपियों में प्राप्त होते हैं। हौली इस पुस्तक में सूरदास, मीराँ और कबीर से जुड़े विशिष्ट सवालों—समय, रचनाओं की प्रामाणिकता, संवेदना का स्वभाव, लोक-स्मृति में उनका स्थान—आदि पर तो विचार करते ही हैं, वे इनके बहाने भक्ति-संवेदना से जुड़े व्यापक प्रश्नों पर भी विचार करते हैं। वे उस विमर्श में भी हिस्सा लेते हैं, जो भक्ति-संवेदना के ऐतिहासिक और दार्शनिक रूप से अभूतपूर्व पहलुओं को समझने की कोशिश करता रहा है। निर्गुण ही नहीं, यह बात तुलसी, सूर, मीराँ जैसे सगुण कवियों के बारे में भी सच है कि उनकी कविता आचार्यों द्वारा कर दिए गए ब्रह्म-निरूपण का जन-सुलभ मुहावरे में प्रचार करने के लिए नहीं रची गई है। वह सचमुच स्वायत्त और नवाचार सम्पन्न 'निज ब्रह्म विचार' है। इस निज ब्रह्म विचार और इसकी काव्याभिव्यक्ति के तीन सर्वाधिक मनोहर स्वरों को सुनते हुए प्रो. जॉन स्ट्रैटन हौली बहुत ही विचारोत्तेजक निष्कर्षों तक पहुँचे हैं, जिनमें से कुछ इस पुस्तक के माध्यम से आपके सामने मौजूद हैं।
Read moreAbout the Book
प्रो. हौली पिछले कई दशकों से भक्ति और हिन्दू परम्परा के अन्य पहलुओं पर विचारोत्तेजक काम करते रहे हैं। केनेथ ब्रायंट के साथ मिलकर उन्होंने सूरदास के पदों की प्रामाणिकता और पाठ-निर्धारण पर काम किया है। प्रस्तुत पुस्तक मूल अंग्रेज़ी में 2005 में प्रकाशित हुई थी। इस बीच नई खोजें हुई हैं, भक्ति-विमर्श में नए प्रश्न, नई शब्दावलियाँ आई हैं। प्रो. हौली ने पुस्तक की सामग्री को नई खोजों की रोशनी में अद्यतन किया है, हालाँकि ऐसा करते समय भी वे अपने मूल तर्क, आग्रहों और पद्धति को बनाए रहे हैं।
सूरदास रचित पदों की संख्या ठीक-ठीक लाख नहीं तो हजारों में माननेवालों के लिए यह बहुत चौंकानेवाली बात होगी कि प्रो. हौली इनमें से केवल चार सौ तैंतीस को इस अर्थ में प्रामाणिक मानते हैं कि वे सूरदास से सम्बन्धित प्राचीनतम पांडुलिपियों में प्राप्त होते हैं। हौली इस पुस्तक में सूरदास, मीराँ और कबीर से जुड़े विशिष्ट सवालों—समय, रचनाओं की प्रामाणिकता, संवेदना का स्वभाव, लोक-स्मृति में उनका स्थान—आदि पर तो विचार करते ही हैं, वे इनके बहाने भक्ति-संवेदना से जुड़े व्यापक प्रश्नों पर भी विचार करते हैं। वे उस विमर्श में भी हिस्सा लेते हैं, जो भक्ति-संवेदना के ऐतिहासिक और दार्शनिक रूप से अभूतपूर्व पहलुओं को समझने की कोशिश करता रहा है।
निर्गुण ही नहीं, यह बात तुलसी, सूर, मीराँ जैसे सगुण कवियों के बारे में भी सच है कि उनकी कविता आचार्यों द्वारा कर दिए गए ब्रह्म-निरूपण का जन-सुलभ मुहावरे में प्रचार करने के लिए नहीं रची गई है। वह सचमुच स्वायत्त और नवाचार सम्पन्न 'निज ब्रह्म विचार' है। इस निज ब्रह्म विचार और इसकी काव्याभिव्यक्ति के तीन सर्वाधिक मनोहर स्वरों को सुनते हुए प्रो. जॉन स्ट्रैटन हौली बहुत ही विचारोत्तेजक निष्कर्षों तक पहुँचे हैं, जिनमें से कुछ इस पुस्तक के माध्यम से आपके सामने मौजूद हैं।
Book Details
-
ISBN9789388933100
-
Pages303
-
Avg Reading Time10 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
Maa
- Author Name:
Jagram Singh
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Hindu Ke Celtic Swajan (Europe Mein Bhartiya Sanskriti : Naveentam Anusandhan)
- Author Name:
Major Surendra Narayan Mathur
- Book Type:

- Description: This book doesn’t have any desciption.
Freedom Struggle Quiz Book
- Author Name:
Sachin Singhal
- Book Type:

- Description: This book doesn’t have description
RRB Railway Samanya Gyan Pointwise NTPC LEVEL-1 POSTS BHARTI PARIKSHA-2021
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: प्रस्तुत पुस्तक रेलवे भर्ती बोर्ड द्वारा आयोजित NTPC लेवल-1 के पदों हेतु भर्ती परीक्षा की तैयारी करने वाले अभ्यर्थियों के लिए अत्यंत उपयोगी है I NTPC की परीक्षा के लिए निर्मित इस पुस्तक में भारतीय इतिहास, विश्व एवं भारत का भूगोल, भारतीय राजव्यवस्था, भारतीय अर्थव्यवस्था, सामान्य विज्ञान तथा सामान्य ज्ञान विषयों से संबंधित परीक्षा हेतु आवश्यक पाठ्य-सामग्री को समग्र रूप से समावेशित किया गया है I पुस्तक की अन्य महत्वपूर्ण विशेषताएँ निम्नलिखित हैं:- प्रमुख विशेषताएँ:- 1. NTPC लेवल-1 के स्तर-I की परीक्षा हेतु अद्यतन पाठ्य सामग्री का समावेश I 2. आयोग द्वारा निर्धारित पाठ्यक्रम पर विषयों का अध्यायवर विश्लेषण I 3. महत्वपूर्ण तथ्यों को बॉक्स में तथा रेखांकित किया गया है I 4. प्रत्येक विषय से संबंधित नवीनतम तथ्यों का समावेश I 5. प्रत्येक विषय से संबंधित अवधारणाओं का सरल भाषा में प्रस्तुतीकरण I
NTA UGC NET/JRF/SET Paper 2 History 27 Solved Papers (2012–2021) & 10 Practice Sets
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Samachar Sampadan
- Author Name:
Kamal Dikshit
- Book Type:

- Description: हर युवा पत्रकार अपने मन में यथाशीघ्र सम्पादक बनने का सपना सँजोए रहता है। सम्पादन के कार्य की कई सीढ़ियाँ होती हैं। पहली सीढ़ी पर पहुँचने के बाद उसे अपने पहले काम से गुणात्मक रूप से भिन्न काम करना होता है। एक संवाददाता अपने आसपास की घटनाओं में से समाचार लायक़ घटनाओं को चुनकर उसे पाठक की दिलचस्पी के अनुरूप बनाता है। विशिष्ट घटना पर केन्द्रित करने की प्रतिभा इसका एक महत्त्वपूर्ण तत्त्व है। सम्पादन के लिए इससे अलग दृष्टि और कौशल की ज़रूरत होती है। इसमें समग्रता से देखने की प्रतिभा के साथ समग्र को एक पैटर्न में रखने और उसमें न आ पानेवाले समाचारों को अलग कर सकने के लिए ज़रूरी दृष्टि और कौशल काम आते हैं। समग्रता के साथ देखने के लिए जिस तरह की मनोवृत्ति की ज़रूरत है और काट-छाँट करने के लिए जिस तरह कठोर और बेरहम दिल की ज़रूरत है, वे किसी सीमा तक विरोधाभासी हैं। फिर भी इन दोनों के संयोग से ही अच्छा सम्पादन सम्भव है। मूलत: पत्रकार कमल दीक्षित ने पत्रकारिता के शिक्षक के रूप में भी प्रतिष्ठा अर्जित की है। सम्पादन का उन्हें लम्बा अनुभव है। अपनी परिपक्व दृष्टि से उन्होंने समाचार सम्पादन के दुरूह कार्य को सरल करने के लिए बड़े ही सहज ढंग से प्रभावी गुर इस पुस्तक में बताए हैं। लेखक एवं पत्रकार महेश दर्पण ने ‘ऑन लाइन एडिटिंग’ की आवश्यकता को प्रभावशाली ढंग से रेखांकित किया है। इससे इस पुस्तक की उपादेयता और बढ़ी है। विश्वास है कि सम्पादक बनने के सपने को मूर्त रूप देने में बहुत सारे लोगों के लिए यह पुस्तक पाथेय सिद्ध होगी।
Paltu Bagh Aur Anya Kahaniyan (Hindi Translation of Collected Short Stories)
- Author Name:
Ruskin Bond
- Book Type:

- Description: वह बहुत पहले की बात है'' “कितना लंबा समय ?'' “पाँच साल पहले की ।'' ''ओह, पाँच साल ! तो पता करो, पता करो।!! “कोई फायदा नहीं। अब उसके पास कोई मूवी कैमरा नहीं है । उसने बेच दिया।'! “बेच दिया,'' किशोर ने ऐसे कहा जैसे मैंने उसे चोट पहुँचा दी, “परंतु तुमने उसे क्यों नहीं खरीदा ? हमें बस सिर्फ एक मूवी कैमरा की ही जरूरत है। फिर हमारा भाग्य बदल जाएगा। मैं फिल्म प्रोड्यूस कर दूँगा, मैं ही निर्देशित कर दूँगा और मैं गाने लिख दूँगा। चार्ली चैपलिन और राज कपूर दोनों एक साथ ।'' “तुमने कैमरा क्यों नहीं खरीदा ?“ “क्योंकि मेरे पास पैसा नहीं था।“ “परंतु हमसे उधार ले लिया होता।“ “अगर तुम इस स्थिति में हो कि धन उधार दे सकते हो तो जाओ एक दूसरा कैमरा खरीद लो ।'' “कभी नहीं। मुझे फिर से किसी समस्या में नहीं पड़ना ।' –इसी पुस्तक से सुप्रसिद्ध कहानीकार रस्किन बॉण्ड के इस कहानी-संग्रह "पालतू बाघ और अन्य कहानियाँ” में बच्चों के बाल मनोविज्ञान को बड़ी बारीकी से उकेरा गया है। कहानियाँ पठनीय हैं और खूब मनोरंजक भी |
Comprehensive Guide B.Sc Nursing General Nursing & Midwifery (GNM) Recruitment Exam
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Ek Sarkari Babu Ke Notes
- Author Name:
Madhav Prasad Singh
- Book Type:

- Description: मैंने प्रशासनिक सेवाओं की तैयारी भी की थी। एक बार साक्षात्कार का मौका भी मिला, लेकिन वहाँ असफल रहा। शायद मेरा आत्मविश्वास तब तक कम हो चुका था और कामचलाऊ जीवन में ही रस मिल रहा था। कभी-कभी सोचता हूँ कि सबको खुश रखने और उनसे मिलनेवाली प्रशंसा की बजाय अगर दुराव और बदनामी के झटके मिलते तो प्रयत्नों में तेजी आती। उन झटकों से अपने गंतव्य तक पूरी तरह न सही, लेकिन आंशिक तौर पर पहुँचने का रास्ता तो खुलता। इसके बाद जो सफलता मिलती, वह स्थायी होती; व्यक्तित्व में और निखार लाती। यहापि यह मेरी सोच है, और आवश्यक नहीं है कि ऐसा होता भी। —इसी पुस्तक का अंश
A.N.M./Staff Nurse/Lab Technician (Chayan Pareeksha) 20 Practice Sets
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
NAYE BHARAT KI NEENV
- Author Name:
Avanish Kumar Singh
- Book Type:

- Description: जिस प्रकार पेड़-पौधों का विकास कृषि द्वारा होता है, उसी प्रकार मानव समाज का विकास शिक्षा द्वारा होता है। शिक्षा कैसी हो जिससे राष्ट्र सुशिक्षित ही नहीं सुदृढ़ भी बने—इसका निर्धारण शिक्षा नीति ही करती है। भारत के यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व में राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 लागू होने जा रही है। यह पुस्तक राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 पर आधारित है। इस पुस्तक में भारतवर्ष में प्राचीन काल से लेकर आधुनिक काल तक शिक्षा पद्धतियों पर प्रकाश डाला गया है, तत्पश्चात् राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 को केंद्र में रखकर शिक्षा जगत् में होनेवाले परिवर्तनों और उनके प्रभावों पर विचार किया गया है। लागू होने जा रही राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के संबंध में देश के ख्यातिप्राप्त विद्वानों के विचारों को ज्यों-का-त्यों प्रस्तुत किया गया है। शिक्षा के क्षेत्र में विश्व के प्रमुख देशों की शिक्षा व्यवस्था को समझने-समझाने का एक प्रयास भी किया गया है। अंततः राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के आलोक में शिक्षा के क्षेत्र में होने जा रहे युगांतरकारी परिवर्तनों का उल्लेख किया गया है। साथ ही इस बात को व्याख्यायित करने का प्रयास किया गया है कि शिक्षा नीति से हमारा राष्ट्र कैसे उन्नति-प्रगति करेगा, बेरोजगारी कैसे दूर होगी, हमारे विद्यार्थियों को—जो हमारे देश का भविष्य हैं—शिक्षा प्राप्त करने के उत्तमोत्तम अवसर कैसे प्राप्त होंगे।
Ram Sahitya Kosh : Vols. 1-2
- Author Name:
Yogendra Pratap Singh
- Book Type:

-
Description:
यह कोश केवल एक सन्दर्भ कोश मात्र नहीं है। यह समग्र भारत की राष्ट्रीय रागात्मक एकता का स्वयं में बृहत्तर तथा व्यापक साक्ष्य है। आप कल्पना करें, उस कालखंड की, जब भारत की समृद्धि एवं अखंडता पर विदेश हमले शुरू हुए। प्रारम्भिक स्थिति में शक, हूण, किरात, खास आभीर, यूनानी शक्तियों के भारत पर हमले हुए, जिनमें से कुछ तो भाग गए और कुछ हम भारतीयों के बीच रहते हुए पूरी तरह से भारतीय बन गए। इन सबके बावजूद, हमारा अपना भारत अभी तक अपनी इसी सांस्कृतिक अडिगता का साक्ष्य है।
लोकतांत्रिक व्यवस्था के बाद, हमारी सांस्कृतिक धरोहर देश की अस्मिता के ध्वज को एक बार फिर विश्वमंच पर फहराने लगी है और इसी आशा के साथ, आज समग्र भारत में शतियों-शतियों से सांस्कृतिक धरोहर बनी यह रामकथा 'राम साहित्य कोश' के रूप में आपके सामने रखी जा रही है। इस साहित्य कोश का उद्देश्य केवल भारतीयों के सामने समीक्षा कोश की प्रस्तुति का लक्ष्य नहीं है, अपितु इसके द्वारा यह सिद्ध करना लक्ष्य है कि राष्ट्रीय स्तर पर यह भारतीय संस्कृति, त्याग एवं शीलवादी आस्था बनकर हज़ारों-हज़ारों वर्षों से संचित आर्य संस्कारों की थाती हमें गहन-से-गहन संकटों में कैसे जीवित रहने के लिए संजीवनी शक्ति देती आ रही है। राम साहित्य कोश की इस प्रस्तुति का मन्तव्य भी यही है कि हम एक बार फिर अपनी भारतीय संस्कृति के त्यागवाद, परोपकारवाद, आस्थावादी अस्मिता को सबके सामने प्रस्तुत करके उन्हें इन मूल्यों से जोड़ने के लिए पुनः प्रेरित करें।
UPSSSC VAN RAKSHAK EVAM VANYA JEEV RAKSHAK
- Author Name:
Akash Srivastava
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Saans Ke Rahasya
- Author Name:
Rajeev Saxena
- Book Type:

- Description: इस पुस्तक में साँस से संबंधित बेहद गोपनीय और अत्यंत प्राचीन आध्यात्मिक विध्या के बारे में बताया गया है। इसे जान-बूझकर गुप्त रखा गया था, जिसकी वजह से आज यह ज्ञान लुप्त सा हो गया। साँस का मतलब जीवन का लक्षण मात्र नहीं, बल्कि हमारी साँस में इतने रहस्य छिपे हैं, जिनकी गिनती भी मुश्किल है। हमारा खाना-पीना, सोना-जागना, सेक्स, स्वास्थ्य, बीमारी यानी भौतिक जीवन की कोई भी क्रिया हो या आध्यात्मिक साधना, ध्यान/मेडिटेशन--मतलब हम कुछ भी करें--उसकी सफलता या असफलता इस बात पर पर निर्भर करती है कि उसे करते समय हमारी साँस कैसी थी। असल में, हमारी साँस लगातार बदलती रहती है। साँस में जरा से बदलाव से मन की स्थिति भी बदल जाती है। यह सब साँस के साथ चल रही नाड़ियों के कारण होता है, जो 24 घंटे बदलती रहती हैं। लेकिन इन सूक्ष्म क्रियाओं की ओर कभी हमारा ध्यान नहीं जाता, क्योंकि हम साँस लेने का काम, दिमाग का इस्तेमाल किए बगैर ही करते रहते हैं। जबकि कोई भी बड़ी आसानी से इन रहस्यों को खुद अनुभव करके इनसे लाभ उठाकर जीवन को सरल बना सकता है।यह पुस्तक आसान भाषा में DIY (डू इट योर सेल्फ) की शैली में लिखी गई है।
Homoeopathy Chikitsa
- Author Name:
Dr M B L Saxena
- Book Type:

- Description: Awaiting description
Bhartiya Thal Sena (Agniveer)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Indian Army General Duty (GD) Bharti Pareeksha Guide
Shodh Drishti-Sudha Om Dhingra Ka Sahitya
- Author Name:
Balvir Singh +1
- Book Type:

- Description: Book
Bhagvadgita Ke Anmol Moti
- Author Name:
G.K. Varshney
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
KVS PRT Primary Teacher Written Examination 2023 15 Practice Sets includes Latest Solved Paper
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
VEDON KI KATHAYEN (PB)
- Author Name:
Harish Sharma
- Book Type:

- Description: कहते हैं धर्म वेदों में प्रतिपादित है। वेद साक्षात् परम नारायण है। वेद में जो अश्रद्धा रखते हैं, उनसे भगवान् बहुत दूर हैं। वेदों का अर्थ है—भिन्न-भिन्न कालों में भिन्न-भिन्न व्यक्तियों द्वारा आविष्कृत आध्यात्मिक सत्यों का संचित कोष। वास्तव में जीवन को सुंदर व साधक बनानेवाला प्रत्येक विचार ही मानो वेद है। मैक्स म्यूलर का तो यहाँ तक कहना था कि वेद मानव जाति के पुस्तकालय में प्राचीनतम ग्रंथ हैं। वेद संख्या में चार हैं—ऋग्वेद, यजुर्वेद, अथर्ववेद और सामवेद। वेद का शाब्दिक अर्थ है ‘ज्ञान’ या ‘जानना’। ये हमारे ऋषि-तपस्वियों की निष्कपट, निश्छल भावना की अभिव्यक्ति हैं। इनमें जीवन को सद्मार्ग पर प्रशस्त करने का आह्वान है। इतना ही नहीं, वेदों में आत्मा-परमात्मा, देवी-देवता, प्रकृति, गृहस्थ-जीवन, सृष्टि, लोक-परलोक के साथ-साथ नाचने-गाने आदि की बातें भी निहित हैं। इन सबका एक ही उद्देश्य है—मानव-कल्याण। एक ओर जहाँ वेदों में ईश-भक्ति और अध्यात्म की महिमा गाई गई है, वहीं दूसरी ओर कर्म को ही कल्याण का मार्ग कहा गया है। वेद हमारे अलौकिक ज्ञान की अनुपम धरोहर हैं। अत: इनके प्रति जन-सामान्य की जिज्ञासा होना स्वाभाविक है, इसलिए वेदों के गूढ़ ज्ञान को हमने कथारूप में पाठकों के समक्ष प्रस्तुत किया है। इन कथा-कहानियों के माध्यम से सुधी पाठक न केवल इन्हें पढ़-समझ सकते हैं, बल्कि पारंपरिक वैदिक ज्ञान को आत्मसात् कर लोक-परलोक भी सुधार सकते हैं।
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book